कानपुर (यू.पी.)। कानपुर गोलीकांड के मास्टरमाइंड उत्तर प्रदेश के मोस्ट वॉन्टेड 5 लाख का ईनामी अपराधी विकास दुबे पुलिस की हथियार छीनकर भागने के दौरान एनकाउंटर में मारा गया।
कानपुर पुलिस की ओर से जारी बयान में कहा गया कि विकास दुबे को उत्तर प्रदेश एसटीएफ की टीम जिस गाड़ी में उज्जैन से कानपुर ला रही थी। उसका एक्सीडेंट आज 10 जुलाई शुक्रवार सुबह हाइवे कानपुर नगर भौंती के पास दुर्घटनाग्रस्त होकर पलट गई। विकास दुबे और पुलिसकर्मी घायल हो गए। वह घायल पुलिस कर्मी की पिस्टल छीन कर भागने लगा। पुलिस टीम द्वारा पीछा कर उसे घेर कर आत्मसमर्पण करने के लिए कहा गया, लेकिन वह पुलिस टीम पर फायर करने लगा। पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी फायरिंग की, इस दौरान विकास दुबे घायल हो गया।
जानकारी के अनुसार जिस स्कार्पियो गाड़ी पर विकास दुबे बैठा था वह पलट गई। वह घायल पुलिसकर्मी की हथियार छिनकर भाग रहा था। इसी दौरान पीछे से दूसरी गाड़ी पर आ रही टीम भी पहुंच गई और उसे घेरकर आत्मसमर्पण करने को कहा, लेकिन वह गोली चलाने लगा जिसमें एसटीएफ टीम ने जवाबी कार्रवाई की। वह घायल हो गया। उसे घायल अवस्था में अस्पताल ले जाया गया जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
हैलट अस्पताल की ओर से जारी हेल्थ बुलेटिन में कहा गया कि चारों पुलिसकर्मियों की हालत स्थिर है। जिन दो पुलिसकर्मियों को गोली लगी थी, वह खतरे से बाहर हैं।
उत्तर प्रदेश के (एडीजी )कानून व्यवस्था प्रशांत कुमार ने बताया कि कानपुर नगर भौंती के पास पुलिस की गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त होकर पलट गई। गाड़ी में सवार विकास दुबे और पुलिसकर्मी घायल हो गए। विकास दुबे ने घायल पुलिसकर्मी की पिस्टल छीन कर भागने लगा। पुलिस टीम ने उसे घेर कर आत्मसमर्पण करने के लिए कहा, लेकिन वह नहीं माना और पुलिस टीम पर फायर करने लगा।पुलिस ने आत्मरक्षार्थ में जवाबी फायरिंग की जिससे विकास दुबे घायल हो गया। घायल अवस्था में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
उन्होंने बताया कि कानपुर के बिकरू गांव में हुए शूटआउट के बाद विकास दुबे समेत 21 लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया था। जबकि 60 से 70 अन्य अज्ञात लोग भी आरोपी हैं। इन आरोपियों में से पुलिस ने 6 को एनकाउंटर में मार गिराया। 3 लोग गिरफ्तार किए गए। 7 अपराधी को 120बी के तहत जेल भेजा गया है। अभी इस मामले में 12 नामजद आरोपी वॉन्टेड है।
